Aaj Ki Tithi 5 June 2026। हिंदू पंचांग के अनुसार आज ज्येष्ठ मास के शुक्ल पक्ष की दशमी तिथि है। सूर्योदय सुबह 06:02 बजे और सूर्यास्त शाम 07:21 बजे होगा। जो लोग किसी नए काम की शुरुआत, यात्रा, या महत्वपूर्ण निर्णय लेने की सोच रहे हैं, उनके लिए आज का पंचांग जानना उपयोगी रहेगा।
यह जानकारी प्रतिदिन पंचांग स्रोतों की सहायता से अपडेट की जाती है।
प्रकाशन से पहले समय पुनः सत्यापित करें क्योंकि स्थानीय गणना में अंतर हो सकता है।
5 जून 2026 का पूर्ण पंचांग विवरण
हिंदू पंचांग पाँच अंगों से मिलकर बनता है जो तिथि, वार, नक्षत्र, योग और करण हैं।
इनमें से किसी एक की जानकारी भी दिन की दशा को समझने में मददगार होती है। आज के दिन का पूरा विवरण नीचे दिया गया है।
| पंचांग विवरण | जानकारी |
|---|---|
| तिथि | दशमी, शुक्ल पक्ष |
| मास | ज्येष्ठ |
| वार | शुक्रवार |
| नक्षत्र | विशाखा |
| योग | सिद्ध |
| करण | गर |
| सूर्योदय | 06:02 सुबह |
| सूर्यास्त | 07:21 शाम |
आज की तिथि का महत्व
दशमी तिथि को कई पारंपरिक मान्यताओं में अनुकूल माना जाता है।
ज्येष्ठ माह में आने वाली शुक्ल दशमी का संबंध गंगा दशहरा से भी जोड़ा जाता है।
जो इस माह का एक खास पर्व है। पंचांग के अनुसार इस तिथि पर पवित्र नदियों में स्नान और दान का विशेष महत्व बताया गया है।
कई परिवारों में इस दिन को शुभ मानते हुए नई वस्तुएं खरीदने या यात्रा शुरू करने की परंपरा है।
यह पूरी तरह से व्यक्तिगत आस्था और परंपरा पर निर्भर करता है।
विशाखा नक्षत्र आज का नक्षत्र है जो बृहस्पति और मंगल की संयुक्त ऊर्जा से जुड़ा माना जाता है।
इसे लक्ष्य निर्धारण और दृढ़ संकल्प से जोड़कर देखा जाता है।
आज का चौघड़िया 5 जून 2026
चौघड़िया दिन को आठ भागों में बाँटता है और हर भाग करीब डेढ़ घंटे का होता है।
कई व्यापारी आज भी दुकान खोलने से पहले चौघड़िया देखते हैं।
कुछ परिवार यात्रा शुरू करने से पहले शुभ समय देखना पसंद करते हैं।
दिन का चौघड़िया
| चौघड़िया | समय | प्रकार |
|---|---|---|
| शुभ | 06:02 - 07:32 | शुभ |
| रोग | 07:32 - 09:08 | अशुभ |
| उद्वेग | 09:08 - 10:44 | अशुभ |
| चर | 10:44 - 12:20 | सामान्य |
| लाभ | 12:20 - 13:56 | शुभ |
| अमृत | 13:56 - 15:32 | सर्वश्रेष्ठ शुभ |
| काल | 15:32 - 17:08 | अशुभ |
| शुभ | 17:08 - 18:44 | शुभ |
रात का चौघड़िया
| चौघड़िया | समय | प्रकार |
|---|---|---|
| अमृत | 19:21 - 20:45 | सर्वश्रेष्ठ शुभ |
| चर | 20:45 - 22:09 | सामान्य |
| रोग | 22:09 - 23:33 | अशुभ |
| काल | 23:33 - 00:57 | अशुभ |
| लाभ | 00:57 - 02:21 | शुभ |
| उद्वेग | 02:21 - 03:45 | अशुभ |
| शुभ | 03:45 - 05:09 | शुभ |
| अमृत | 05:09 - 06:02 | सर्वश्रेष्ठ शुभ |
राहुकाल और अन्य अशुभ काल
दैनिक पंचांग में राहुकाल, यमगंड और गुलिक काल को अशुभ समय माना जाता है।
इन अवधियों में नए काम, खरीदारी, या महत्वपूर्ण यात्रा से बचने की परंपरागत सलाह दी जाती है।
यह व्यक्तिगत आस्था पर निर्भर करता है।
| अशुभ काल | समय | विवरण |
|---|---|---|
| राहुकाल | 10:44 - 12:20 | शुक्रवार को पूर्वाह्न में |
| यमगंड | 15:32 - 17:08 | दोपहर बाद का समय |
| गुलिक काल | 07:32 - 09:08 | सुबह का समय |
राहुकाल हर दिन बदलता है और हर वार के लिए इसका समय अलग होता है।
शुक्रवार को राहुकाल सुबह के समय आता है।
इसलिए सुबह 10:44 से 12:20 के बीच नए काम शुरू न करने की परंपरागत सलाह है।
अभिजीत मुहूर्त और ज्योतिषीय गणना
अभिजीत मुहूर्त दोपहर का वह समय है जो सूर्य के ठीक मध्याकाश में होने के आसपास आता है।
5 जून 2026 को यह दोपहर 11:52 से 12:47 बजे तक रहेगा।
इसे दैनिक पंचांग में एक विशेष शुभ समय माना जाता है।
कई लोग इस समय को महत्वपूर्ण कार्यों के लिए उपयुक्त मानते हैं।
ध्यान दें कि यह एक पारंपरिक मान्यता है और इसे सामान्य सूचना के रूप में ही लें।
ज्योतिषीय गणना के अनुसार आज का दिन शुक्र की ऊर्जा से प्रभावित माना जाता है।
क्योंकि शुक्रवार शुक्र ग्रह का वार है। विशाखा नक्षत्र और सिद्ध योग का संयोग आज के दिन को पंचांग के नजरिए से खास बनाता है।
चौघड़िया क्या होता है और इसे कैसे समझें
चौघड़िया शब्द "चार घड़ी" से बना है। एक घड़ी करीब 24 मिनट की होती है।
तो चार घड़ी यानी करीब 96 मिनट यानी डेढ़ घंटे का एक चौघड़िया बनता है।
सूर्योदय से सूर्यास्त तक के समय को आठ बराबर भागों में बाँटा जाता है।
शुभ मुहूर्त चुनते वक्त लोग इन्हीं आठ भागों में से किसी शुभ चौघड़िया को चुनते हैं।
- अमृत को पारंपरिक रूप से काफी अनुकूल माना जाता है
- शुभ और लाभ को भी अच्छा माना जाता है
- चर यात्रा के लिए सामान्य माना जाता है
- रोग, काल और उद्वेग को आमतौर पर अशुभ माना जाता है
शुभ मुहूर्त और दैनिक पंचांग का व्यावहारिक उपयोग
कई लोग रोज सुबह पंचांग देखते हैं और फिर अपना दिन उसी के अनुसार व्यवस्थित करते हैं।
कुछ इसे धार्मिक दृष्टि से देखते हैं तो कुछ इसे एक सांस्कृतिक परंपरा मानते हैं।
व्यावहारिक तौर पर इसका उपयोग इन कामों में होता है:
- नई दुकान या व्यापार की शुरुआत
- गृह प्रवेश और शिफ्टिंग
- लंबी यात्रा की शुरुआत
- नए वाहन की डिलीवरी लेना
- बच्चे का पहला दिन स्कूल में
यह सब पूरी तरह से व्यक्तिगत आस्था और पारिवारिक परंपरा पर निर्भर करता है।
शुभ मुहूर्त देखना कई परिवारों की सांस्कृतिक परंपराओं का हिस्सा है।
गुजरात और वडोदरा के लिए आज का पंचांग
गुजरात में पंचांग देखने की परंपरा काफी प्रचलित है।
वडोदरा चौघड़िया आज के दिन के लिए ऊपर दिए गए समय के करीब रहेगा क्योंकि गुजरात के ज्यादातर शहरों का समय लगभग समान होता है।
Gujarat Choghadiya Today के नजरिए से देखें तो शुक्रवार का दिन वैसे भी शुक्र के प्रभाव में रहता है।
Vadodara Muhurat Today जानने के लिए आप Drik Panchang जैसे विश्वसनीय स्रोतों से अपने शहर के अनुसार समय सत्यापित कर सकते हैं।
Vadodara Rahukaal Today सुबह 10:44 से 12:20 तक रहेगा।
Today Choghadiya Vadodara में अमृत और शुभ चौघड़िया सुबह और दोपहर दोनों समय उपलब्ध हैं, जिन्हें कई लोग अनुकूल मानते हैं।
विश्वसनीय पंचांग जानकारी के लिए आप Drik Panchang की वेबसाइट पर जाकर अपने शहर के अनुसार सटीक समय देख सकते हैं।
आज के दिन क्या करें और क्या न करें
पंचांग के अनुसार आज के लिए सुझाव:
- सुबह 06:02 से 07:32 के बीच शुभ चौघड़िया में कोई अच्छा काम शुरू किया जा सकता है
- अभिजीत मुहूर्त 11:52 से 12:47 के दौरान महत्वपूर्ण निर्णय लेने की परंपरागत मान्यता है
- दोपहर 13:56 से 15:32 के बीच अमृत चौघड़िया है जिसे काफी शुभ माना जाता है
- राहुकाल यानी 10:44 से 12:20 के बीच नए काम शुरू न करने की परंपरागत सलाह है
यह सारी जानकारी सांस्कृतिक संदर्भ में दी गई है। कोई भी निर्णय अपनी समझ और परिस्थितियों के अनुसार लें।
ज्येष्ठ मास और उसका महत्व
ज्येष्ठ हिंदू कैलेंडर का तीसरा मास है। इस महीने में सूर्य की तेजी सबसे अधिक होती है।
और गर्मी अपने चरम पर रहती है।
इस मास में जल दान, छाया दान और पादुका दान को पारंपरिक रूप से पुण्यकारी माना गया है।
ज्येष्ठ शुक्ल पक्ष में कई महत्वपूर्ण तिथियाँ आती हैं, जिनमें गंगा दशहरा प्रमुख है।
दशमी तिथि का इस संदर्भ में खास स्थान है। कई परिवारों में इस दिन गंगाजल से पूजा या स्नान की परंपरा है।
पंचांग और आधुनिक जीवन
आज के समय में पंचांग देखना बहुत आसान हो गया है।
मोबाइल एप्लीकेशन और वेबसाइटें रोज सुबह पंचांग की जानकारी देती हैं।
फिर भी जो लोग सटीक जानकारी चाहते हैं उन्हें अपने स्थानीय पुरोहित या विश्वसनीय पंचांग से सत्यापन करना चाहिए क्योंकि स्थान के अनुसार समय में थोड़ा अंतर आ सकता है।
Vadodara Choghadiya Today जैसी जानकारी के लिए timeanddate.com जैसी वेबसाइट पर सूर्योदय और सूर्यास्त का समय देखकर आप खुद भी अनुमानित गणना कर सकते हैं।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
5 जून 2026 को कौन सी तिथि है?
5 जून 2026 को ज्येष्ठ मास के शुक्ल पक्ष की दशमी तिथि है। वार शुक्रवार है और नक्षत्र विशाखा रहेगा। सूर्योदय सुबह 06:02 बजे और सूर्यास्त शाम 07:21 बजे होगा।
क्या चौघड़िया और राहुकाल अलग होते हैं?
हाँ, दोनों अलग हैं। चौघड़िया दिन के शुभ और अशुभ समय बताता है ,जबकि राहुकाल केवल एक अशुभ काल है। राहुकाल हर वार के लिए अलग समय पर आता है और इसे चौघड़िया के साथ मिलाकर देखा जाता है।
क्या सभी शहरों में चौघड़िया का समय समान होता है?
नहीं, चौघड़िया का समय सूर्योदय पर आधारित होता है जो शहर के अनुसार बदलता है। वडोदरा और दिल्ली के चौघड़िया में थोड़ा अंतर होगा। इसीलिए अपने शहर का सटीक समय विश्वसनीय स्रोत से देखना बेहतर है।
अभिजीत मुहूर्त क्या होता है और यह कितने समय का होता है?
अभिजीत मुहूर्त दोपहर के समय आता है जब सूर्य आकाश के मध्य में होता है। यह करीब 48 मिनट का होता है। 5 जून 2026 को यह 11:52 से 12:47 तक रहेगा। इसे काफी शुभ माना जाता है।
क्या शुक्रवार को गुलिक काल सुबह रहता है?
परंपरागत गणना के अनुसार शुक्रवार को गुलिक काल सुबह के पहले भाग में रहता है। 5 जून 2026 को यह 07:32 से 09:08 बजे तक रहेगा। इस दौरान नया काम शुरू न करने की पारंपरिक सलाह दी जाती है।
यह सामग्री केवल सामान्य जानकारी और सांस्कृतिक संदर्भ के लिए है। यहाँ दी गई तिथि, चौघड़िया, राहुकाल और मुहूर्त की जानकारी पारंपरिक पंचांग मान्यताओं पर आधारित है। स्थानीय गणना और शहर के अनुसार समय में अंतर हो सकता है इसलिए प्रकाशन या उपयोग से पहले किसी विश्वसनीय पंचांग स्रोत से सत्यापन जरूर करें।
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